बिहार सरकार के महत्वाकांक्षी ‘सात निश्चय-3’ अभियान के अंतर्गत संचालित ‘सबका सम्मान-जीवन आसान’ कार्यक्रम के तहत सोमवार को समाहरणालय स्थित कार्यालय कक्ष में जिलाधिकारी ऋची पांडेय ने आम नागरिकों की समस्याओं की सुनवाई की। जनसुनवाई के दौरान विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे लोगों ने अपनी शिकायतें सीधे जिलाधिकारी के समक्ष रखीं, जिन पर गंभीरता एवं संवेदनशीलता के साथ विचार करते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
कार्यक्रम का उद्देश्य आम नागरिकों को उनकी समस्याओं के समाधान के लिए प्रशासन तक सीधी पहुंच उपलब्ध कराना तथा शिकायतों का त्वरित और पारदर्शी निस्तारण सुनिश्चित करना है। जनसुनवाई के दौरान प्राप्त प्रत्येक आवेदन की जिलाधिकारी ने विस्तार से समीक्षा की और संबंधित विभागों को समयबद्ध कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
सुनवाई के दौरान भूमि विवाद, राजस्व संबंधी मामले, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, प्रधानमंत्री आवास योजना, आईसीडीएस, विद्युत आपूर्ति, पेयजल, सड़क, राशन कार्ड, अतिक्रमण तथा अन्य विभागों से जुड़े विभिन्न मामलों की शिकायतें सामने आईं। जिलाधिकारी ने सभी मामलों के शीघ्र समाधान पर विशेष जोर देते हुए अधिकारियों को निर्देशित किया कि किसी भी शिकायत के निस्तारण में अनावश्यक विलंब न हो।
जिलाधिकारी ऋची पांडेय ने कहा कि जनसमस्याओं के समाधान में जिले के सभी पदाधिकारी संवेदनशीलता, जवाबदेही और पूर्ण जिम्मेदारी के साथ कार्य करें। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिया कि प्रत्येक शिकायत का निर्धारित समय-सीमा के भीतर निष्पक्ष एवं प्रभावी निस्तारण सुनिश्चित किया जाए, ताकि आम नागरिकों को अनावश्यक परेशानियों का सामना न करना पड़े।
उन्होंने कहा कि ‘सेवा-संवाद-समाधान’ की अवधारणा पर आधारित यह कार्यक्रम प्रशासन और आम जनता के बीच संवाद का प्रभावी माध्यम बनकर उभरा है। इससे न केवल शिकायतों के समाधान की प्रक्रिया में तेजी आई है, बल्कि प्रशासन के प्रति लोगों का विश्वास भी मजबूत हुआ है।
जिलाधिकारी ने कहा कि जिला प्रशासन की प्राथमिकता आमजन को पारदर्शी, जवाबदेह और समयबद्ध सेवाएं उपलब्ध कराना है। इसके लिए सभी विभागों को समन्वय के साथ कार्य करने और प्रत्येक शिकायत का गुणवत्तापूर्ण समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
