सीतामढ़ी, 16 सितंबर। जिला शिक्षा पदाधिकारी (DEO) राघवेंद्र मणि त्रिपाठी की अध्यक्षता में बुधवार को समाहरणालय स्थित विमर्श कक्ष में शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले की शिक्षा व्यवस्था, विद्यालयों में शैक्षणिक गुणवत्ता और विभिन्न विभागीय योजनाओं के क्रियान्वयन की बिंदुवार समीक्षा की गई।
बैठक के दौरान अधिकारियों को विद्यालयों में शिक्षण-अधिगम की गुणवत्ता बेहतर बनाने, विद्यार्थियों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने तथा सभी योजनाओं का समयबद्ध क्रियान्वयन कराने के निर्देश दिए गए।
बैठक में जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (स्थापना), जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (समग्र शिक्षा), जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (माध्यमिक शिक्षा) सहित सभी प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी उपस्थित रहे। इस दौरान शिक्षकों के वेतन भुगतान, लंबित देयकों के निष्पादन, प्रमाण-पत्र सत्यापन, शिक्षक स्थानांतरण, मिशन निपुण, निपुण अनुश्रवण, त्वरित अधिगम एवं उपचारात्मक शिक्षण, परियोजना आधारित अधिगम, छात्रवृत्ति योजनाएं, कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय तथा विद्यालयों की आधारभूत संरचना से जुड़े कार्यों की समीक्षा की गई।
वेतन भुगतान और लंबित मामलों के निष्पादन पर जोर
बैठक में शिक्षकों के वेतन भुगतान और लंबित देयकों से संबंधित मामलों की विस्तार से समीक्षा की गई। अधिकारियों को लंबित मामलों का नियमानुसार निष्पादन करने और आवश्यक दस्तावेजों व प्रमाण-पत्रों के सत्यापन की प्रक्रिया में तेजी लाने का निर्देश दिया गया।
शिक्षक स्थानांतरण से जुड़े मामलों की भी समीक्षा की गई और विभागीय दिशा-निर्देशों के अनुरूप कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया।
मिशन निपुण के प्रभावी क्रियान्वयन पर बल
विद्यालयों में बच्चों के बुनियादी भाषा और गणितीय कौशल को मजबूत करने के उद्देश्य से संचालित मिशन निपुण की गतिविधियों की समीक्षा की गई। निपुण अनुश्रवण, त्वरित अधिगम एवं उपचारात्मक शिक्षण तथा परियोजना आधारित अधिगम के प्रभावी संचालन पर विशेष जोर दिया गया।
अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि विद्यार्थियों की सीखने की प्रगति का नियमित आकलन किया जाए और आवश्यकतानुसार शिक्षण पद्धति में सुधार किया जाए।
मॉडल स्कूलों में प्रयोगशाला उपकरणों की होगी जांच
बैठक में सरस्वती विद्या निकेतन (मॉडल स्कूल) से जुड़े विभिन्न बिंदुओं की भी समीक्षा की गई। विद्यालयों में प्रयोगशाला उपकरणों की गुणवत्ता जांच, बच्चों की नियमित उपस्थिति और निर्धारित समय-सीमा में पाठ्यक्रम पूरा कराने के निर्देश दिए गए।
इसके अलावा स्मार्ट कक्षाओं का प्रभावी संचालन, फिलो ऐप पर सभी विद्यार्थियों का पंजीकरण, नियमित खेलकूद गतिविधियों का आयोजन तथा शिक्षकों द्वारा पाठ-टीका संधारण की जांच सुनिश्चित करने को कहा गया।
कस्तूरबा विद्यालयों और आधारभूत संरचना की समीक्षा
कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों में नामांकन, मानव संसाधन और नियमित अनुश्रवण की समीक्षा करते हुए आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए। छात्राओं की उपस्थिति, उपलब्ध सुविधाओं और शैक्षणिक गतिविधियों की सतत निगरानी पर बल दिया गया।
बैठक में विद्यालय भवन निर्माण और अन्य आधारभूत संरचना से जुड़ी निर्माणाधीन योजनाओं की भी समीक्षा की गई। जिला शिक्षा पदाधिकारी ने सभी कार्यों को निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूरा कराने और नियमित निगरानी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
नियमित निरीक्षण को दी गई प्राथमिकता
जिला शिक्षा पदाधिकारी राघवेंद्र मणि त्रिपाठी ने सभी पदाधिकारियों और प्रखंड शिक्षा पदाधिकारियों को विद्यालयों में शिक्षण गुणवत्ता, विद्यार्थियों की उपस्थिति, आधारभूत सुविधाओं तथा विभागीय योजनाओं के समयबद्ध क्रियान्वयन को सर्वोच्च प्राथमिकता देने का निर्देश दिया।
उन्होंने कहा कि विद्यालयों में बेहतर शैक्षणिक वातावरण और प्रभावी शिक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए नियमित निरीक्षण एवं अनुश्रवण आवश्यक है। सभी संबंधित अधिकारियों को निरंतर निगरानी रखने और योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर ध्यान देने को कहा गया।
