सीतामढ़ी, 9 सितंबर 2026। पुलिस अधीक्षक, सीतामढ़ी की अध्यक्षता में बुधवार को समाहरणालय स्थित परिचर्चा भवन में मासिक अपराध गोष्ठी आयोजित की गई। बैठक में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, पुपरी, सभी पुलिस उपाधीक्षक, थानाध्यक्ष और विभिन्न शाखाओं के प्रभारी मौजूद रहे।
गोष्ठी के दौरान अगस्त माह में दर्ज और लंबित कांडों की समीक्षा की गई। इस दौरान जिले में प्रभावी अपराध नियंत्रण और विधि-व्यवस्था बनाए रखने को लेकर अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
गंभीर और संवेदनशील मामलों के त्वरित अनुसंधान पर जोर
बैठक में अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति अत्याचार, महिला अपराध, पॉक्सो अधिनियम से जुड़े मामलों समेत अन्य संवेदनशील और गंभीर कांडों की समीक्षा की गई। पुलिस पदाधिकारियों को इन मामलों का गुणवत्तापूर्ण और समयबद्ध अनुसंधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
अधिकारियों को लंबित मामलों के निष्पादन में तेजी लाने और जांच प्रक्रिया को प्रभावी बनाने पर विशेष ध्यान देने को कहा गया, ताकि पीड़ितों को समय पर न्याय दिलाने की दिशा में कार्रवाई सुनिश्चित हो सके।
गिरफ्तारी और वारंट निष्पादन में तेजी के निर्देश
एसपी ने फरार और वांछित आरोपियों की गिरफ्तारी के साथ वारंट के निष्पादन में तेजी लाने के निर्देश दिए। इसके अलावा कुर्की एवं जब्ती की कार्रवाई को भी प्रभावी तरीके से आगे बढ़ाने को कहा गया।
अवैध हथियारों और मादक पदार्थों के खिलाफ सघन अभियान चलाने का भी निर्देश दिया गया। पुलिस अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में ऐसे मामलों की पहचान कर प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया।
गश्ती और आसूचना तंत्र मजबूत करने पर जोर
अपराध नियंत्रण और जनसुरक्षा को और मजबूत करने के उद्देश्य से सक्रिय पुलिस गश्ती बढ़ाने पर विशेष जोर दिया गया। साथ ही प्रभावी आसूचना संकलन और त्वरित प्रतिक्रिया तंत्र को मजबूत करने के निर्देश दिए गए।
पुलिस पदाधिकारियों को अपने-अपने थाना क्षेत्रों में लगातार सतर्क और सक्रिय रहने को कहा गया। एसपी ने स्पष्ट किया कि अपराध नियंत्रण के साथ आम लोगों की सुरक्षा पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए।
गोष्ठी में अधिकारियों को क्षेत्र में कानून-व्यवस्था की स्थिति पर लगातार नजर रखने, संवेदनशील मामलों में तत्परता से कार्रवाई करने और जनसुरक्षा को लेकर आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए गए।
