सरकार के निर्देशानुसार प्रत्येक माह के अंतिम रविवार को आयोजित होने वाले “पंचायत विकास दिवस” के तहत रविवार को मधुबनी जिले की सभी ग्राम पंचायतों में विभिन्न कार्यक्रमों का उत्साहपूर्वक आयोजन किया गया। सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक आयोजित कार्यक्रमों में जनप्रतिनिधियों, पंचायत प्रतिनिधियों, अधिकारियों और ग्रामीण नागरिकों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।
झंझारपुर प्रखंड के महीनाथपुर पंचायत सरकार भवन में आयोजित मुख्य कार्यक्रम में जिले की प्रभारी मंत्री एवं बिहार सरकार की भवन निर्माण मंत्री श्रीमती लेशी सिंह ने भाग लिया। कार्यक्रम में ग्राम सभा के सदस्यों, जिला एवं प्रखंड स्तरीय अधिकारियों तथा बड़ी संख्या में ग्रामीणों की सक्रिय भागीदारी रही। वहीं जिले के विभिन्न वरीय अधिकारियों ने भी अलग-अलग पंचायतों में आयोजित कार्यक्रमों में हिस्सा लिया।
अपने संबोधन में प्रभारी मंत्री लेशी सिंह ने कहा कि पंचायतें भारतीय लोकतंत्र की आधारशिला हैं और गांवों के विकास से ही राज्य तथा देश का समग्र विकास संभव है। उन्होंने कहा कि पंचायत विकास दिवस का उद्देश्य पंचायत स्तर पर विकास कार्यों की समीक्षा करना, जनभागीदारी को बढ़ावा देना और स्थानीय जरूरतों के अनुरूप योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को सुनिश्चित करना है।
उन्होंने कहा कि बिहार पंचायत राज अधिनियम-2006 के माध्यम से पंचायती राज संस्थाओं को सशक्त बनाया गया है। वार्ड स्तरीय निगरानी समितियों और स्थायी समितियों के जरिए शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, सामाजिक न्याय और आधारभूत संरचना से जुड़ी योजनाओं की निगरानी एवं संचालन किया जा रहा है।
इस बार पंचायत विकास दिवस की थीम “महिला हितैषी ग्राम पंचायत” रही। मंत्री ने कहा कि महिलाओं के सशक्तिकरण से ही परिवार, समाज और पंचायत मजबूत होंगे। स्वयं सहायता समूहों को बढ़ावा देने, महिला उद्यमिता, कौशल विकास, स्वास्थ्य सेवाओं और निर्णय प्रक्रिया में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाना सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है।
उन्होंने पंचायत एडवांसमेंट इंडेक्स (PAI) और ई-ग्राम स्वराज जैसे डिजिटल प्लेटफॉर्म का उल्लेख करते हुए कहा कि ये पहल पंचायतों में पारदर्शिता, जवाबदेही और सुशासन को मजबूत करने में अहम भूमिका निभा रही हैं। उन्होंने बताया कि मधुबनी जिले में जल संरक्षण, स्वच्छता, मखाना एवं मत्स्य आधारित आजीविका, डिजिटल पंचायत और महिला स्वयं सहायता समूहों को मजबूत बनाने की दिशा में लगातार काम किया जा रहा है।
कार्यक्रम के दौरान पंचायतों में संचालित विकास योजनाओं की समीक्षा की गई और स्थानीय आवश्यकताओं के अनुरूप नई विकास योजनाओं के चयन तथा क्रियान्वयन पर चर्चा हुई। साथ ही स्थानीयकृत सतत विकास लक्ष्यों के अनुरूप पंचायतों के समग्र विकास के लिए कार्ययोजना भी तैयार की गई।
इस अवसर पर उत्कृष्ट पंचायतों द्वारा किए गए विकास कार्यों का वीडियो प्रदर्शन किया गया। साथ ही प्रधानमंत्री के लोकप्रिय रेडियो कार्यक्रम “मन की बात” का सामूहिक प्रसारण भी किया गया, जिसे बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने सुना।
पंचायत विकास दिवस के तहत गरीब मुक्त एवं आजीविका उन्नत पंचायत, स्वस्थ पंचायत, बाल हितैषी पंचायत, जल पर्याप्त पंचायत, स्वच्छ एवं हरित पंचायत, आत्मनिर्भर बुनियादी ढांचा युक्त पंचायत, सामाजिक न्याय एवं सामाजिक सुरक्षा युक्त पंचायत, सुशासन आधारित पंचायत और महिला हितैषी पंचायत सहित नौ प्रमुख लक्ष्यों पर विशेष चर्चा की गई।
कार्यक्रम के दौरान सूचना एवं जनसंपर्क विभाग की नुक्कड़ नाटक टीम ने गीत-संगीत के माध्यम से नशामुक्ति अभियान को लेकर लोगों को जागरूक किया और सामाजिक संदेशों का प्रसार किया।
