सीतामढ़ी इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी में ‘नेचुरली इंस्पायर्ड फ्लेक्सिबल बायोमटेरियल्स’ पर तकनीकी सेमिनार संपन्न”
सीतामढ़ी, 17 फरवरी 2026: सीतामढ़ी इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी के सिविल इंजीनियरिंग विभाग द्वारा आज “नेचुरली इंस्पायर्ड न्यू फ्लेक्सिबल बायोमटेरियल्स फॉर डाइवर्स एप्लिकेशंस” (Naturally Inspired New Flexible Biomaterials for Diverse Applications) विषय पर एक दिवसीय तकनीकी सेमिनार का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। कार्यक्रम का औपचारिक शुभारंभ संस्थान के प्राचार्य डॉ. सुनील कुमार, मैकेनिकल विभागाध्यक्ष डॉ. आशीष कुमार, सिविल विभागाध्यक्ष सह कार्यक्रम समन्वयक डॉ. शशि कुमार एवं अन्य गणमान्य संकाय सदस्यों द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया गया। इस अवसर पर वक्ता ने इंजीनियरिंग के क्षेत्र में नवाचार और शोध की महत्ता पर बल दिया।
सेमीनार के मुख्य वक्ता डॉ. सुजीत कुमार ठाकुर (वैज्ञानिक, BEMMS-FITT, आईआईटी दिल्ली) रहे, जो नैनो-बायोटेक्नोलॉजी के क्षेत्र में एक प्रतिष्ठित नाम हैं। डॉ. ठाकुर को उनके उत्कृष्ट कार्यों के लिए वर्ष 2023 में ‘युवा वैज्ञानिक पुरस्कार’ और 2024 में ‘सीतामढ़ी आइकॉन अवार्ड’ से सम्मानित किया जा चुका है। अपने संबोधन में डॉ. ठाकुर ने प्रकृति से प्रेरित लचीले बायोमटेरियल्स की उपयोगिता पर प्रकाश डालते हुए ग्वाल पहाड़ी एसिड, ठोस अपशिष्ट प्रबंधन (Solid Waste Management) में बायोमटेरियल्स के अनुप्रयोग, ऑर्गेनिक इलेक्ट्रॉनिक्स और एंटी-बैक्टीरियल टेक्सटाइल जैसे आधुनिक विषयों पर विस्तार से जानकारी साझा की।
उन्होंने छात्रों को बताया कि कैसे कम लागत वाले और पर्यावरण के अनुकूल (Bio-compatible) संसाधनों का उपयोग कर कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए नैनो-मेडिसिन विकसित की जा रही है। इस सेमिनार के सफल संचालन में तकनीकी टीम के सदस्य श्री सी.बी.के. यादव, श्री सुशांत कुमार, श्री सुमित कुमार, श्री धनंजय कुमार, श्री अविनाश कुमार एवं श्री चौधरी अनिकेत अमान (सभी सहायक प्रोफेसर, सिविल इंजीनियरिंग) का महत्वपूर्ण योगदान रहा। कार्यक्रम के अंत में सिविल और मैकेनिकल इंजीनियरिंग विभाग के छात्र-छात्राओं के जिज्ञासु प्रश्नों का समाधान किया गया, जिससे उन्हें शोध के नए आयामों को समझने में मदद मिली।
