देश के नवगीतकारों का सीतामढ़ी पंच तीर्थ स्थल भ्रमण
सीता संवाद आध्यात्मिक एवं साहित्यिक यात्रा के संरक्षक विमल कुमार परिमल एवं निदेशक आग्नेय कुमार के नेतृत्व में देश के नवगीतकार कवि ने माता सीता जन्मभूमि के पंच तीर्थ स्थल दर्शन किया।संरक्षक विमल कुमार परिमल ने बताया जैसा कि ज्ञात है पिछले 12 मार्च को मुजफ्फरपुर में नवगीत कुटुंब और एल एन टी महाविद्यालय के संयुक्त तत्वावधान में ” नवगीत उत्सव” का बड़ा ऐतिहासिक आयोजन हुआ था जिसमें देश के भिन्न-भिन्न क्षेत्रों से नवगीतकारों का आना हुआ था। उन्हीं आगंतुक कवियों में कुछ कवियों का कल दिनांक 14/03/2026 को सीतामढ़ी भ्रमण हुआ। जिनका उद्देश्य सीतामढ़ी पंचतीर्थ दर्शन था। सीतामढ़ी के संस्कृतिधर्मी विमल कुमार परिमल और सीता संवाद अभियान के निदेशक आग्नेय कुमार ने अतिथियों को पंच तीर्थ दर्शन कराए।आनेवाले अतिथियों में डा वीरेंद्र आस्तिक, कानपुर, डा राम सुधार सिंह बनारस, डा संजय पंकज मुजफ्फरपुर, डा शिवानंद सिंह सहयोगी बनारस, डा भावना तिवारी दिल्ली, भुवनेश्वर द्विवेदी प्रयाग, अशोक शर्मा जयपुर प्रमुख थे। अतिथिगण पंथपाकर में अलौकिक प्राकृतिक छटा और माता सीता के पावन डोली स्थल देख अभिभूत हो रहे थे और पुनौराधाम जानकी मंदिर में दर्शन के बाद गदगद हो अपने को धन्य समझ रहे थे। इन दो स्थानों पर साहित्यकारों ने काफी समय दिया। पंथ पाकर धाम के अध्यक्ष अरुण कुमार शाही की उपस्थिति में सभी आगंतुकों को सीता संवाद द्वारा प्रकाशित पंच तीर्थ दर्शन पुस्तिका प्रदान की गई।अन्य जगहों को देखते हुए आगे निकलते गये। अंत में अतिथियों को विमल कुमार परिमल द्वारा अंगवस्त्र और अपनी पुस्तक ‘ मानस में चरित्र और चेतना ‘ देकर विदा किया गया।डॉक्टर आशा कुमारी द्वारा अतिथियों को मिथिला के व्यंजन से स्वागत किया गया।
