मधुबनी: नदियों और अन्य जलस्रोतों की स्वच्छता, संरक्षण तथा जनभागीदारी को बढ़ावा देने के उद्देश्य से जिला गंगा समिति, मधुबनी की ओर से चलाए जा रहे ‘एक दिन जलस्रोतों के स्वच्छता के नाम’ अभियान के तहत शुक्रवार को उच्चैठ में विशेष सफाई अभियान चलाया गया। नगर पंचायत बेनीपट्टी के सहयोग से उच्चैठ भगवती स्थान परिसर स्थित तालाब और उसके घाटों की साफ-सफाई कराई गई।
अभियान का उद्देश्य जिले के विभिन्न जलस्रोतों को स्वच्छ और प्रदूषणमुक्त बनाए रखने के साथ आम लोगों को इनके संरक्षण के प्रति जागरूक करना है। इसी क्रम में नगर पंचायत बेनीपट्टी के स्वच्छताकर्मियों ने तालाब और घाट परिसर में जमा कचरे एवं गंदगी को हटाकर विशेष सफाई की।
जलस्रोत पर्यावरण और सामाजिक जीवन का आधार: आनंद अंकित
इस अवसर पर जिला गंगा समिति (नमामि गंगे), मधुबनी के डीपीओ आनंद अंकित ने कहा कि जलस्रोत सिर्फ पानी के भंडार नहीं हैं, बल्कि पर्यावरणीय संतुलन, जैव विविधता और सामाजिक जीवन के महत्वपूर्ण आधार हैं।
उन्होंने कहा कि जिला गंगा समिति द्वारा ‘एक दिन जलस्रोतों के स्वच्छता के नाम’ अभियान के जरिए लोगों को जलस्रोतों की स्वच्छता और संरक्षण के प्रति जागरूक किया जा रहा है। जलस्रोतों को साफ और सुरक्षित रखना केवल प्रशासन की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की सामूहिक जिम्मेदारी है।
डीपीओ ने कहा कि जलस्रोतों में कचरा डालने की प्रवृत्ति पर रोक लगाने के लिए जनभागीदारी बेहद जरूरी है। उन्होंने आम लोगों से अपील की कि तालाब, नदी और अन्य जलस्रोतों में किसी भी प्रकार का कचरा न डालें। साथ ही अपने आसपास मौजूद जलस्रोतों को स्वच्छ एवं सुरक्षित रखने में सक्रिय सहयोग करें।
स्वच्छता पदाधिकारी ने भी लोगों से की अपील
मौके पर स्वच्छता पदाधिकारी शिव कुमार ने भी लोगों से तालाब और अन्य जलस्रोतों के आसपास साफ-सफाई बनाए रखने की अपील की। उन्होंने कहा कि जलस्रोतों की स्वच्छता को स्थायी रूप से बनाए रखने के लिए आम लोगों की सक्रिय भागीदारी आवश्यक है।
सफाई अभियान के दौरान स्वच्छता पर्यवेक्षक सहित नगर पंचायत बेनीपट्टी के स्वच्छताकर्मी मौजूद रहे। अभियान के माध्यम से जलस्रोतों को स्वच्छ रखने के साथ लोगों में इनके संरक्षण के प्रति जिम्मेदारी की भावना विकसित करने का प्रयास किया गया।
