जदयू प्रदेश अध्यक्ष उमेश सिंह कुशवाहा ने रविवार को कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के वक्तव्य पर तीखा पलटवार किया है।
खरगे ने नीतीश कुमार पर टिप्पणी की थी। जदयू प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि नीतीश कुमार के राजनीतिक व्यक्तित्व पर कोई भी टिप्पणी करने से पहले मल्लिकार्जुन खरगे को अपने गिरेबान में झांकना चाहिए।
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने पटना में जनसभा के दौरान बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्हें इस बात का दुख है कि समाजवादी विचारधारा के नेता नीतीश कुमार ने आरएसएस और बीजेपी का हाथ थाम लिया है।
लंबे समय तक सत्ता के शीर्ष पर रहने के बावजूद उन पर एक आने के भ्रष्टाचार का आरोप नहीं लगा। कांग्रेस पार्टी में किसी भी नेता की यह राजनीतिक हैसियत नहीं है कि वह हमारे सर्वमान्य नेता पर कोई टिप्पणी करे। नीतीश कुमार को खरगे या कांग्रेस पार्टी के किसी भी सर्टिफिकेट की कतई आवश्यकता नहीं है।
मल्लिकार्जुन खरगे रबर स्टैंप अध्यक्ष’
मल्लिकार्जुन खरगे को कांग्रेस का ‘रबर स्टैंप’ अध्यक्ष करार देते हुए कुशवाहा ने तंज कसा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि वह जिस पार्टी के रबर स्टैंप राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं, उस पार्टी के तथाकथित सर्वमान्य नेता सोनिया गांधी और राहुल गांधी दोनों ही भ्रष्टाचार के गंभीर मामलों में जमानत पर बाहर हैं। जिनके अपने दामन दागी हों, वे दूसरों पर कीचड़ उछालने का प्रयास न करें।
कांग्रेस नेताओं की बयानबाजी को उनकी हताशा का परिणाम बताते हुए प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि असल बात यह है कि कांग्रेस के ‘युवराज’ की राजनीतिक लॉन्चिंग बार-बार विफल हो रही है।
अपनी इसी नाकामी और राजनीतिक फ्रस्ट्रेशन को छिपाने के लिए कांग्रेस के नेतागण अनाप-शनाप और तथ्यहीन बयानबाजी पर उतर आए हैं।
