जंतर-मंतर पर एसआइआर को लेकर चल रहे विरोध प्रदर्शन के मद्देनजर दिल्ली पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था के साथ-साथ जवाबदेही को लेकर भी तैयारी तेज कर दी है। प्रदर्शन स्थल पर तैनात पुलिसकर्मियों को बाॅडी कैमरे उपलब्ध कराए गए हैं।
वरिष्ठ अधिकारी भी सुरक्षा इंतजामों की निगरानी के दौरान बाॅडी कैमरे पहने नजर आएंगे। पुलिस का फोकस प्रदर्शन के दौरान होने वाली हर महत्वपूर्ण गतिविधि और पुलिसकर्मियों व प्रदर्शनकारियों के बीच बातचीत का रिकार्ड रखने पर है।
पुलिस की भूमिका पर सवाल भी उठे
यह व्यवस्था ऐसे समय की गई है, जब पिछले दिनों जंतर-मंतर पर मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर हुए प्रदर्शन के दौरान तीन महिला पत्रकारों ने पुलिसकर्मियों पर यौन उत्पीड़न और दुर्व्यवहार के आरोप लगाए थे।
एक पत्रकार ने आरोप लगाया था कि प्रदर्शन के दौरान सहायक पुलिस आयुक्त (एसीपी) विवेक भगत ने उनके साथ मारपीट की। मामले को लेकर पुलिस की भूमिका पर सवाल भी उठे थे।
जांच में भी यह फुटेज मददगार होगी
सूत्रों के मुताबिक, बाॅडी कैमरों की रिकाॅर्डिंग प्रदर्शन के दौरान किसी घटना की स्थिति में महत्वपूर्ण साक्ष्य के तौर पर इस्तेमाल की जा सकेगी। पुलिसकर्मियों पर लगाए जाने वाले आरोपों की जांच में भी यह फुटेज मददगार होगी। साथ ही, पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच विवाद की स्थिति में घटनाक्रम की वास्तविक तस्वीर सामने लाई जा सकेगी।
