सीतामढ़ी जिले में टीवी मुक्त भारत अभियान को लेकर समाहरणालय स्थित विमर्श कक्ष में जिलाधिकारी की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले में चल रहे टीबी उन्मूलन अभियान की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई और अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
बैठक में सिविल सर्जन सीतामढ़ी, जिला यक्ष्मा पदाधिकारी, सभी प्रखंडों के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी, प्रखंड स्वास्थ्य प्रबंधक, प्रखंड सामुदायिक उत्प्रेरक और यक्ष्मा कर्मी उपस्थित रहे। वहीं कई अधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक से जुड़े।
जिलाधिकारी ने बताया कि 2 जुलाई 2026 से 14 अगस्त 2026 तक जिले में चल रहे टीवी मुक्त भारत अभियान के तहत प्रिजमप्टिव इनरोलमेंट के लिए 6,36,165 का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि लक्ष्य की प्रतिदिन समीक्षा करते हुए तय समय सीमा के अंदर इसे पूरा करना सुनिश्चित करें।
बैठक में जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि टीबी मुक्त भारत कार्यक्रम की निगरानी उच्च स्तर पर की जा रही है। इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। बैठक में अनुपस्थित प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारियों और स्वास्थ्य प्रबंधकों से स्पष्टीकरण मांगने तथा वेतन कटौती के निर्देश भी दिए गए।
सिविल सर्जन ने जानकारी दी कि बथनाहा और नानपुर को छोड़कर अन्य स्थानों पर एक्स-रे मशीन उपलब्ध है। उन्होंने सभी स्वास्थ्य संस्थानों को प्रतिदिन 30 से अधिक चेस्ट एक्स-रे करने और इसकी जानकारी उसी दिन निक्षय पोर्टल पर दर्ज करने का निर्देश दिया।
जिलाधिकारी ने कहा कि टीबी की जांच के लिए डायग्नोसिस में केवल एक्स-रे और नाट जांच का उपयोग किया जाए। माइक्रोस्कोपिक जांच का उपयोग केवल फॉलोअप के लिए किया जाएगा। सभी जांच रिपोर्ट और मरीजों से जुड़ी जानकारी समय पर पोर्टल पर दर्ज करना जरूरी होगा।
उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि जिन मरीजों का उपचार शुरू किया जाता है, उनका नोटिफिकेशन, डिफरेंशिएटेड टीबी केयर, बैंक डिटेल्स और उनके परिवार के सदस्यों के टीबी प्रिवेंटिव ट्रीटमेंट की प्रक्रिया उसी दिन पूरी की जाए।
जिले के सभी प्रखंडों से अभियान अवधि तक माइक्रो प्लान तैयार कर जिला और राज्य स्तर पर उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि टीबी उन्मूलन अभियान को सफल बनाने के लिए सभी विभागों को पूरी जिम्मेदारी और गंभीरता के साथ काम करना होगा।
