मधुबनी: जिले में किशोर न्याय प्रणाली को अधिक प्रभावी और सुविधाजनक बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। सोमवार को प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश पवन कुमार पाण्डेय और जिलाधिकारी आनंद शर्मा ने संयुक्त रूप से फीता काटकर किशोर न्याय परिषद, मधुबनी के नवीनीकृत कार्यालय का उद्घाटन किया।
उद्घाटन समारोह में मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी, प्रधान दंडाधिकारी (किशोर न्याय परिषद), जिला बाल संरक्षण इकाई के सहायक निदेशक, बाल संरक्षण पदाधिकारी, किशोर न्याय परिषद के सदस्य, बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष एवं सदस्य सहित जिला बाल संरक्षण इकाई, किशोर न्याय परिषद और बाल कल्याण समिति से जुड़े अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे।
जिला प्रशासन के अनुसार, किशोर न्याय परिषद द्वारा विधि के विरुद्ध आचरण करने वाले किशोरों से जुड़े मामलों के त्वरित और प्रभावी निस्तारण के लिए बेहतर आधारभूत संरचना और आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने की आवश्यकता महसूस की जा रही थी। इसी उद्देश्य से जिला प्रशासन और न्यायालय के बीच समन्वय स्थापित कर परिषद के लिए नवीनीकृत कार्यालय उपलब्ध कराया गया है।
नए कार्यालय के शुरू होने से किशोर न्याय परिषद को बेहतर कार्य वातावरण मिलेगा, जिससे मामलों के निष्पादन में गति आएगी और किशोरों के हितों की सुरक्षा से जुड़े कार्य अधिक प्रभावी ढंग से किए जा सकेंगे।
इस अवसर पर किशोर न्याय परिषद के सदस्यों ने नई सुविधाओं के लिए जिला प्रशासन और न्यायालय का आभार व्यक्त करते हुए विश्वास जताया कि बेहतर अवसंरचना से न्यायिक प्रक्रिया और अधिक सुचारु एवं प्रभावी बनेगी।
