जम्मू-कश्मीर में सियासी टकराव तेज होने के आसार हैं। नेता प्रतिपक्ष एवं भाजपा के वरिष्ठ नेता सुनील शर्मा ने शनिवार को उमर अब्दुल्ला सरकार के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए केंद्र शासित प्रदेश के हर जिले में आंदोलन का एलान किया है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार जनता की समस्याओं से बेपरवाह होकर सत्ता बचाने और प्रशासनिक फेरबदल में उलझी हुई है। भाजपा अब सड़कों पर उतरकर सरकार को घेरने की तैयारी में है।श्रीनगर में पत्रकारों से बातचीत के दौरान शर्मा ने बताया कि भाजपा के जिला अध्यक्षों और महासचिवों की बैठक में प्रदेशव्यापी आंदोलन शुरू करने का निर्णय लिया गया है। उन्होंने कहा कि विधानसभा में जनता के मुद्दे उठाने के बावजूद सरकार ने उन्हें गंभीरता से नहीं लिया, इसलिए अब सड़क पर संघर्ष होगा।

शर्मा ने कहा कि हमने विधानसभा में जनता की आवाज उठाने की कोशिश की, लेकिन सरकार अधिकारियों के फेरबदल और अपनी कुर्सी बचाने में व्यस्त है। सरकार गरीबों से दूर हो चुकी है। भाजपा अब सड़कों पर उतरेगी और हर जिले में जनता के हक की लड़ाई लड़ेगी।

युवाओं में अशांति फैलाने की कोशिश का आरोप

दिल्ली के प्रदर्शनों से जुढ़े सवाल के जवाब में भाजपा नेता ने आरोप लगाया कि प्रदर्शन राष्ट्रहित में नहीं हो रहा है, यह युवाओं के बीच अशांति फैलाकर देश को अस्थिर करने का एक कुत्सित प्रयास है।

उन्होंने इसकी तुलना नेपाल और बांग्लादेश जैसे हालात पैदा करने की आशंका से की। साथ ही, मुख्य चुनाव आयुक्त सहित संवैधानिक पदाधिकारियों को निशाना बनाने के लिए विपक्षी दलों की आलोचना की।

मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआइआर) का समर्थन करते हुए शर्मा ने कहा कि अवैध मतदाताओं को मतदान का अधिकार नहीं मिलना चाहिए। उन्होंने मृत, स्थानांतरित और लापता मतदाताओं के नाम हटाने को ‘वोट चोरी’ बताने के आरोपों को खारिज किया।

उमर अब्दुल्ला पर वादे पूरे न करने का आरोप

परिसीमन के मुद्दे पर उमर अब्दुल्ला को घेरते हुए उन्होंने कहा कि यदि यह प्रक्रिया गलत थी, तो नेशनल कन्फ्रेंस को इसका सबसे अधिक लाभ कैसे मिला, मुख्यमंत्री कहते हैं कि ण्ह भाजपा को लाभ दिलाने के लिए की गई प्रक्रिया थी,अगर ऐसा है तो फिर आज नेशनल कान्फ्रेंस सत्ता में क्यों।

उन्होने मुख्यमंत्री से नैतिक आधार पर इस्तीफा देने की मांग करते हुए कहा कि वह सिर्फ आरोप लगाते हैं, जनता के साथ किए गए वादों को पूरा करने मेंविफल रहे हैं। वह कभी स्टेटहुड का बहाना बनाते हैं तो कभी बिजनेस रूल्स का,लेकिन वह अब ज्यादा देर तक अपनी असमर्थता के लिए उदूसरों को जिम्मेदार नहीं ठहरा सकेंगे

उन्होंने कांग्रेस और पीडीपी पर भी दोहरे मापदंड अपनाने तथा जनता का समर्थन खोने के बाद अराजकता फैलाने की कोशिश करने का आरोप लगाया

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